मृत्यु दावा

बीमा पॉलिसी में मृत्यु दावा (Death Claim) वह प्रक्रिया है, जिसमें पॉलिसीधारक की मृत्यु के बाद नामित व्यक्ति (Nominee) या कानूनी उत्तराधिकारी को बीमा राशि प्राप्त होती है। यह दावा समय पर और सही तरीके से किया जाए, तो परिवार को आर्थिक सहारा मिल सकता है। इसलिए मृत्यु दावा प्रक्रिया की सही जानकारी होना बहुत आवश्यक है।

मृत्यु दावा करने के लिए सबसे पहले नॉमिनी या परिवार के सदस्य को बीमा कंपनी को मृत्यु की सूचना (Death Intimation) देनी होती है। यह सूचना बीमा कंपनी की शाखा, कस्टमर केयर, एजेंट या ऑनलाइन माध्यम से दी जा सकती है। इसके बाद बीमा कंपनी Death Claim Form प्रदान करती है, जिसे सही और पूर्ण जानकारी के साथ भरना होता है।

मृत्यु दावा के लिए सामान्यतः निम्नलिखित दस्तावेज़ों की आवश्यकता होती है:

  1. मृत्यु दावा फॉर्म (नॉमिनी द्वारा भरा हुआ)
  2. पॉलिसी बॉन्ड की प्रति या ओरिजिनल पॉलिसी
  3. मृत्यु प्रमाण पत्र (नगर निगम/ग्राम पंचायत द्वारा जारी)
  4. नॉमिनी का पहचान प्रमाण (आधार कार्ड/पैन कार्ड)
  5. नॉमिनी का एड्रेस प्रूफ
  6. बैंक पासबुक या कैंसल चेक (भुगतान हेतु)

यदि पॉलिसी शुरुआती वर्षों में मृत्यु हुई हो या मृत्यु असामान्य परिस्थिति (दुर्घटना, आत्महत्या आदि) में हुई हो, तो बीमा कंपनी अतिरिक्त दस्तावेज़ भी मांग सकती है, जैसे:

  • पोस्टमार्टम रिपोर्ट
  • एफआईआर और पुलिस रिपोर्ट
  • अस्पताल के रिकॉर्ड

सभी दस्तावेज़ जमा होने के बाद बीमा कंपनी जांच करती है। सामान्य मामलों में 7 से 30 कार्यदिवस में दावा राशि नॉमिनी के बैंक खाते में जमा कर दी जाती है।

हम अपने ग्राहकों को मृत्यु दावा की पूरी सर्विसिंग प्रदान करते हैं। हमारी सेवा में दस्तावेज़ों की सूची बताना, फॉर्म भरने में सहायता, बीमा कंपनी में दावा जमा करना, फॉलो-अप करना और भुगतान प्राप्त होने तक पूरा सहयोग शामिल है। हमारा उद्देश्य है कि दुख की घड़ी में परिवार को किसी प्रकार की परेशानी न हो और उन्हें समय पर उनका अधिकार मिले।